विकार-निर्मूलन हेतु नामजप – २

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मनुष्यकी देहमें पंचतत्त्वोंमेंसे कोई तत्त्व असन्तुलित होनेपर देहमें विकार उत्पन्न होते हैं ।
यह असन्तुलन दूर करने हेतु अर्थात उससे उत्पन्न विकार दूर करने हेतु उस तत्त्वसे सम्बन्धित नामजपके साथ ही मुद्रा और न्यास भी उपयुक्त हैं ।
नामजपसहित मुद्रा और न्यास करनेसे उपचारोंका लाभ अधिक होता है । इस विषयमें भी विवेचन किया गया है ।

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